फरसाबाहर :- बरसात के दिनों ग्रामीणों को नहीं मिल रहा शुद्ध पेय जल। जल जीवन मिशन के अधिकारी एवं ठेकेदार की लापरवाही का खामियाज़ा भुगत रहे सीधे साधे ग्रामीण..........

फरसाबाहर :- बरसात के दिनों ग्रामीणों को नहीं मिल रहा शुद्ध पेय जल। जल जीवन मिशन के अधिकारी एवं ठेकेदार की लापरवाही का खामियाज़ा भुगत रहे सीधे साधे ग्रामीण..........

sargujakranti.in
0

 


जल जीवन मिशन केंद्र सरकार की एक महत्वपूर्ण योजना है, जिसका उद्देश्य हर एक घर तक शुद्ध पीने का पानी पहुँचाना है। लेकिन जशपुर जिले के फरसाबाहर के ग्राम पंचायत फरदबहार मे जल जीवन मिशन योजना सिर्फ एक नमूना बनकर रह गया है। आज हमने यहां के ग्रामीणों से इस योजना के संचालन के बारे मे पूछा तो उन्होंने बताया की इस योजना का लाभ हमें नहीं मिल रहा है। ग्रामीणों ने बताया की लगभग एक वर्ष बीत गया लेकिन हमें एक दिन भी पानी नहीं मिला।

उनके द्वारा यह भी कहा गया की हमारे मुहल्ले मे सिर्फ एक ही हैंडपम्प है जिसको ठेकेदार के द्वारा बिजली से कनेक्शन कर दिया गया अब जब गांव मे बिजली नहीं होती तो हमें नदी का पानी पीना पड़ता है। ग्रामीणों के द्वारा बताया गया की जल जीवन मिशन के तहत किये गए काम मे कहीं पाइप फटा है तो कंही नल। जब हमने पंप हाउस का जायज़ा लिया तो वहां पंप तक नहीं दिखा।

अब ऐसे मे यह सवाल तो पूछा जाना चाहिए कि लाखों रुपए वेतन पाने वाले अधिकारी क्या किसी व्यक्तिगत लाभ पाने की आकांक्षा के कारण अपनी आँख बंद कर के बैठे है? क्या निर्माण के दौरान उनके द्वारा निरीक्षण नहीं किया गया या ठेकेदार से मिलीभगत करके इतनी महत्वपूर्ण योजना पर पलिता लगाया गया? यह सब एक जाँच का विषय है। बहरहाल हम आपको बताते चले की विष्णु देव साय की सरकार के द्वारा ने जल जीवन मिशन मे अनिमियता बरतने वाले अधिकारीयों के खिलाफ पहले भी कड़ी कार्यवाही किया गया है। अब देखना यह है कि क्या सम्बंधित अधिकारिओं की नींद खुलेगी या ये सिलसिला बेमुद्दत यूँही चलता रहेगा।......






 क्या कहते हैं अधिकारी :- ग्रामीणों के द्वारा हैंडपम्प का उपयोग करने से मना करना। एसडीओ पीएचई  कुनकुरी.


 






जबकि हमारे न्यूज टीम ने देखा की वहां ऐसी कोई बात नहीं है आज भी हैंडपम्प को बिजली से कनेक्शन किया गया है। मतलब साफ है अधिकारी साहब झूठ बोल रहें हैं।

एक टिप्पणी भेजें

0टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें (0)